कथा भारती : असमिया कहानियां | Katha Bharati: Asamiya Kahaniyan

By: निर्मलप्रभा बारदोलोई - Nirmal Prabha Bordoloi
कथा भारती : असमिया कहानियां | Katha Bharati: Asamiya Kahaniyan by


दो शब्द :

"कथा भारती: असमिया कहानियां" असमिया साहित्य की विविधता और गहराई को दर्शाती एक महत्वपूर्ण पुस्तक है। इसमें असमिया कहानीकारों की रचनाओं का संकलन किया गया है, जो समय की धारा में सामाजिक, राजनीतिक और व्यक्तिगत मुद्दों को छूते हैं। संकलनकर्ता निर्मलप्रभा बारदोलोई और अनुवादक नवारुण वर्मा ने इस संग्रह को प्रस्तुत किया है, जिसमें विभिन्न लेखकों की कहानियों के माध्यम से असमिया संस्कृति, जीवन और समाज का समृद्ध चित्रण मिलता है। कहानियों में विभिन्न विषयों का समावेश है, जैसे मानव मन की जटिलताएं, सामाजिक अन्याय, आर्थिक विषमता, प्रेम, करुणा और हास्य। कई लेखक, जैसे सेयद अब्दुल मलिक, बीरेंद्र कुमार भट्टाचार्य, जोगेश दास, और महिम बरा, अपने-अपने दृष्टिकोण से असमिया समाज के विविध पहलुओं को उजागर करते हैं। इनकी कहानियों में न केवल मानसिक और सामाजिक संघर्षों का चित्रण है, बल्कि मानवीय भावनाओं और संवेदनाओं की भी गहरी समीक्षा की गई है। कहानीकारों की शैलियाँ भिन्न हैं, कुछ लेखक फ्रायडीय मनोविज्ञान और अस्तित्ववाद को अपनाते हैं, जबकि अन्य सामाजिक व्यंग्य और हास्य का उपयोग करते हैं। इस संग्रह में शामिल कहानियाँ पाठकों को न केवल मनोरंजन करती हैं, बल्कि उन्हें सोचने पर भी मजबूर करती हैं। इस प्रकार, "कथा भारती: असमिया कहानियां" न केवल असमिया साहित्य का एक मूल्यवान दस्तावेज है, बल्कि यह असम के समाज की गहरी समझ भी प्रदान करता है। यह संग्रह उन सभी के लिए महत्वपूर्ण है जो भारतीय साहित्य और विशेष रूप से असमिया संस्कृति में रुचि रखते हैं।


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